इस अमानवीय कृत्य की निंदा करना जरूरी है मनीष अस्थाना पालघर जिले में जिस तरह से भीड़ ने घेरकर दो संतों की हत्या कर दी उसकी निंदा करना जितना जरूरी है उससे भी अधिक ज्यादा जरूरी है दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा देना , कड़ी सजा देना इसलिए भी जरूरी है ताकि भीड़ से निकलने वाले क्रूर और हिंसक मानसिकता रखने वालों की सोच पर विराम लगाया जा सके । पिछले कुछ सालों में मोबलिंचीग के मामले जिस तरीके से सामने आ रहें हैं वे चिंतनीय है । कुछ लोग भीड़ के हिंसात्मक चेहरे को सांप्रदायिक रंग देने में जुट जाते लेकिन ऐसे लोगों का कोई जाति या धर्म नहीं होता है । इसलिए इस तरह की घटनाओं की निंदा सभी धर्मों के बुद्धिजीवी वर्ग द्वारा अवश्य की जानी चाहिए । लेकिन पालघर प्रकरण में ऐसा दिखाई नहीं दे रहा है इसलिये संत समाज ने नाराजगी भी व्यक्त की है । इस पूरे प्रकरण में अभी तक 102 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है और बाकी लोगों की तलाश की जा रही है , इस पूरे मामले की जांच सीआईडी द्वारा करायी जा रही है , पूरे प्रकरण में पुलिस के दो लोगों को निलंबित भी किया जा चुका है । यह मामला साम्प्रदायिक रंग न ले इसके...