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पेट्रोल होगा सौ के पार देेश में बनेगी फिर मोदी सरकार


                  
मनीष अस्थाना
नरेंद्र मोदी सरकार इस बात को मानकर चल रही है कि वह जो भी काम कर रही है वह कांग्रेस सरकार से बेहतर है , लेकिन मोदी सरकार क्या कर रही है जो कांग्रेस सरकार से बेहतर है यह बात जनता को समझ में नहीं आ रही है ? देश की जनता इस बात को नहीं समझ पा रही है कि मोदी सरकार आखिर ऐसा कौन सा विकास काम कर रही है जिसकी वजह से आर्थिक हालात खराब होते जा रहे है , देश का हर कारोबार मंदी की चपेट में है , देश के व्यापारी यह सोचकर परेशान हो रहें है कि मोदी सरकार द्वारा विकास करने के वावजूद उनका व्यापार बढ़ क्यों नहीं रहा है ? मोदी सरकार ने चार साल पूरे कर लिए इन चार सालों देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लगभग सभी देशों की यात्राएं कर चुके हैं , देश का युवा वर्ग को यह बात समझ में नहीं आ रही है कि मोदी भारत मे करोड़ो अरबों के निवेश पर समझौता कर चुके है लेकिन फिर भी युवाओं के लिए नए रोजगार उपलब्ध क्यों नहीं हो रहें हैं ।
देश का हर व्यापारी अब यह कहते हुए दिखाई देने लगा है आज से 15 साल पहले जब उसने कारोबार शुरू किया था उसके बाद लगातार उसका कारोबार बढ़ रहा था लेकिन पिछले कुछ सालों में उसके कारोबार में लगातार कमीं आयी है पहले एक छोटा व्यवसायी या दुकानदार हजार दो हजार की आय हो जाती थी लेकिन मोदी के तेजी से विकसित हो रहे भारत में व्यवसाय बढ़ाने के बजाय कम होता जा रहा है । मोदी राज में आखिर यह कैसा विकास है जो हकीकत में दिखाई ही नहीं दे रहा है ।
आज पूरे देश में जिन लोगों ने मोदी को अपना वोट देकर जिताने का काम किया था आज वही मतदाता मोदी के कामकाज पर सवालिया निशान लगाते हुए देखे जा रहें हैं । मोदी सरकार में पेट्रोल , डीजल, रसोई गैस के दामों पर भीषण बढ़ोत्तरी हुई जो रुकने का नाम नहीं ले रही है । मोदी सरकार का कहना है कि पेट्रोल , डीजल के बढ़ रहे दामों से सरकार को जो कमाई हो रही है उससे वह विकास काम कर रहें हैं जो सबको दिखाई दे रहा है । मोदी सरकार ने यह भी कहा कि वे इतना अधिक विकास कर रहें है कि हवाई चप्पल पहनने वाले लोग भी हवाई जहाज में यात्रा करेंगे लेकिन हवाई चप्पल वाले व्यक्ति उनकी तरह से नए सूट पहने इसके लिए कोई विकासनीति नहीं बना रहे हैं ?
मोदी सरकार से जब युवा वर्ग पूछता है कि उन्हें रोजगार या नौकरी किस तरीके से मिलेगी तो वे पकौड़ा तलने को भी रोजगार बात देते हैं अब देश का ग्रेज्युएट युवा इस बात को नहीं समझ पा रहा है कि वह चाय पकौड़ा का ठेला लगाए या किसी मल्टी नेशनल कंपनी को अपना बायोडाटा भेजे ? 
मोदी सरकार आये दिन यह कहती रहती है कि वे भारतीय रेल का काया पलट कर देंगे लेकिन जब भारतीय यात्री रेलों में सफर करता है तो उसे रेल की आधुनिकता के बारे में पता चलता है , यात्रियों से रेलवे किराया तो खूब वसूल करती है लेकिन सुविधायें नदारत रहती है , यात्री के मन उस समय एक ही सवाल उठता है कि क्या मोदी इसी विकास की बात करते है यदि ऐसा है तो यह विकास कई सालों से रेलवे से चिपका था इसके लिए यात्रियों से अधिक किराया वसूलने की क्या जरूरत थी ? मोदी देश में बुलेट ट्रेन चलाने की बात कह रहे हैं लेकिन भारतीयों के दिमाग में यह बात अभी तक घुस नहीं पायी है कि इस बुलेट ट्रेन में आखिर बैठेगा कौन ? 
इन तमाम सवालों के बीच मोदी भक्त तथा भाजपा के नेता लगातार इस बात को पूरे विश्वास के साथ लोगों को यह बताने में जुटे हुए है कि चाहे कुछ भी हो जाय पेट्रोल , डीजल या रसोई गैस की भले की कम न हो , लोग भले ही बेरोजगार घूमें , बेरोजगार पढ़ा लिखा युवा चाय पकौड़ा की फैक्ट्री चलाये या न चलाये , लोगों को घर मिले या न मिले ? व्यापारियों की दुकानों के शटर भले ही बंद हो जाय लेकिन भाजपा का विकास इसी तेजी के साथ काम करता रहेगा और आने वाले 2019 में फिर से मोदी सरकार बनेगी मतदाता भले ही नाराज हो उसका कोई असर भाजपा पर नहीं पड़ने वाला है ।

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